कृपालु जी महाराज के अनुसार मनुष्य जीवन का असली उद्देश्य क्या है?
मनुष्य जीवन को केवल खाने, पीने और भौतिक सुखों तक सीमित मान लेना बहुत छोटी दृष्टि है। भारतीय संत परंपरा में यह स्पष्ट किया गया है कि मानव जीवन का वास्तविक उद्देश्य आत्मा की पहचान और ईश्वर प्राप्ति है। इसी विचार को सरल और प्रभावशाली ढंग से समझाने वाले महान संतों में कृपालु जी महाराज का नाम अत्यंत सम्मान के साथ लिया जाता है। उनके अनुसार यह जीवन एक दुर्लभ अवसर है, जिसे व्यर्थ नहीं गंवाना चाहिए। मनुष्य जीवन का वास्तविक उद्देश्य कृपालु जी महाराज के अनुसार मनुष्य जीवन का असली उद्देश्य केवल सांसारिक उपलब्धियाँ प्राप्त करना नहीं है, बल्कि आत्मा और परमात्मा के संबंध को समझना है। वे बताते हैं कि हर जीवात्मा मूल रूप से भगवान से जुड़ी हुई है, लेकिन अज्ञान के कारण वह संसार में भटक रही है। जब तक व्यक्ति अपने वास्तविक स्वरूप को नहीं पहचानता, तब तक उसे सच्चा सुख नहीं मिल सकता। उनका स्पष्ट संदेश है कि भक्ति और प्रेम के माध्यम से ही मनुष्य अपने जीवन को सार्थक बना सकता है। यही कारण है कि वे बार-बार भगवान के नाम, स्मरण और भक्ति पर जोर देते हैं। भक्ति मार्ग की सरलता और महत्व कृपालु महाराज के भजन मनुष्य क...